पश्चिमोत्तर राज्यों में जल्दी ही गर्मी बढ़ने की संभावना
26-Mar-2025 04:49 PM
नई दिल्ली। देश के पश्चिमोत्तर प्रांतों में मध्य मार्च तक तापमान लगभग सामान्य बना रहा लेकिन अब धीरे-धीरे बढ़ने लगा है। अगर पश्चिमी विक्षोभ का आगमन हुआ तो अप्रैल में मौसम कुछ हद तक ठंडा या सामान्य रह सकता है अन्यथा तेज गर्मीं पड़ सकती है।
गुजरात के कुछ भागों में भयंकर गर्मी पड़नी शुरू हो गई है जबकि आगे कई राज्यों में इसका विस्तार हो सकता है। चालू सप्ताह के आरंभ में एक आक्रामक मौसम निर्माण ट्रफ दक्षिणी छत्तीसगढ़ से महाराष्ट्र तथा कर्नाटक जैसे राज्यों के अंदरूनी भाग से गुजरते हुए
उत्तरी केरल की ओर बढ़ गया जबकि दूसरा ट्रफ बिहार-नेपाल की सीमा पर स्थित वीरगंज से आगे बढ़ते हुए उड़ीसा में पहुंच गया।
इसके फलस्वरूप 24 मार्च को तमिलनाडु, पांडिचेरी, कराईकल, लक्ष्यद्वीप, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, दक्षिण- मध्य महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ तथा उड़ीसा गरज-चमक के साथ हल्की से सामान्य बारिश हुई और 30-50 कि०मी० प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चली।
इसके बाद यह मौसम 25 मार्च को कर्नाटक में सक्रिय हो गया जबकि अब तीन चार दिनों तक केरल और माही में सक्रिय रह सकता है। इससे पश्चिमोत्तर भारत सूखे की रेंज में आ गया है।
सुदूर पश्चिमोत्तर क्षेत्र तथा सीमा के पार में एक आगामी पश्चिमी विक्षोभ धीरे-धीरे एक मजबूत आकार ले रहा है। मध्य ईरान के ऊपर यह एक तरफ में बदल रहा है।
यद्यपि यह अभी भारत से बहुत दूर है लेकिन आगामी दिनों में इसके प्रभाव से पश्चिमोत्तर भारत के पर्वतीय इलाकों में वर्षा, बर्फबारी एवं गरज वाली आंधी का प्रकोप बढ़ सकता है।
इसके परिणामस्वरूप अगले कुछ दिनों के अंदर जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र के अरुणाचल प्रदेश में कहीं-कहीं हल्की से सामान्य बारिश हो सकती है। इसके प्रभाव से मैदानी इलाकों में तापमान कुछ नीचे आने की संभावना है।
